Sad Shayari ढूंढा छाव को तो धूप मुझसे चिपक गई भागना चाहा आंधी से तो हवा मुझसे लिपट गई, तलाशने में सुकून को जिंदगी सिमट गई दुखाकर सब का दिल अब जीना है मुश्किल, ए- मोत जल्दी आ-के मुझसे मिल मुज़रिम हूं दिलो का लिखा माथे पर ईल्ज़ाम तो नही, महसूस किया है मैं इंसान तो बिलकुल नही। Latest Hindi Shayari,Best Hindi Shayari Love Shayari, sad Shayari,Love Poem
Sad Shayari चली गई छोड के कमी उसकी खलती है बिना उसके ना शाम ढलती है, परछाई उसकी साथ-साथ चलती है ना यादे उसकी मन से निकलती है, आखें देख़ने को उसे मचलती है दिल की तड़पन बार-बार उबलती है, इश्क कि चिता बिना आग के भी जलती है। Latest Hindi Shayari,Best Hindi Shayari Love Shayari, sad Shayari,Thought,Love Poem